शासकीय तालाबों को मछली पालन हेतु पट्टे पर करें प्रदान, मिलेगा रोजगार : कलेक्टर

शासकीय तालाबों को मछली पालन हेतु पट्टे पर करें प्रदान, मिलेगा रोजगार : कलेक्टर

मोहला।  सुशासन तिहार 2026 के तहत  विकासखंड मोहला अंतर्गत ग्राम पंचायत आमाडुला में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर से पहले कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति ने आमाडुला क्लस्टर की 13 ग्राम पंचायतों के सरपंचों की बैठक लेकर पंचायतों में चल रहे विकास कार्यों, मूलभूत सुविधाओं और जनसमस्याओं की विस्तार से समीक्षा की। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्रीमती भारती चंद्राकर, एसडीएम मोहला  हेमेंद्र भुआर्य, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, पटवारी तथा क्षेत्र के सरपंच उपस्थित रहे।
         बैठक के दौरान कलेक्टर ने सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों की जानकारी लेते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन समस्याओं से संबंधित शिकायतें अधिक मिल रही हैं, उनका त्वरित और प्राथमिकता के आधार पर निराकरण सुनिश्चित किया जाए। पेयजल व्यवस्था की समीक्षा करते हुए उन्होंने जल संरक्षण और जल संचयन के स्थायी उपायों पर विशेष जोर दिया। ग्राम पंचायतों को तालाब, कुएं और अन्य जल संरक्षण कार्यों के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि क्षेत्र में जल स्तर में सुधार लाया जा सके।
          कलेक्टर ने सभी सरपंचों से गांवों में नियमित मुनादी कराकर प्रत्येक माह ग्राम सचिवालय आयोजित करने को कहा। उन्होंने कहा कि ग्राम सचिवालय के माध्यम से ग्रामीणों की समस्याओं, विकास योजनाओं और आवश्यक कार्यों पर स्थानीय स्तर पर चर्चा कर तेजी से समाधान किया जा सकेगा। प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने आवास निर्माण कार्यों में गति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि समय पर निर्माण पूर्ण होने से आगामी स्वीकृतियों में भी सुविधा मिलेगी। बैठक में कोरिया मॉडल के तहत खेतों में गड्ढे बनाकर जल संचयन की जानकारी साझा की गई। इसके अलावा आधार अपडेट, अटल डिजिटल सुविधा केंद्र और किसानों के एग्रीस्टैक पंजीयन की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सरपंचों से किसानों को एग्रीस्टैक में पंजीयन के लिए प्रेरित करने की अपील करते हुए कहा कि इससे भविष्य में शासकीय योजनाओं का लाभ लेने में किसानों को आसानी होगी।
        कलेक्टर ने कहा कि ग्राम पंचायतों के अंतर्गत आने वाले शासकीय तालाबों को मछली पालन हेतु मछुआ समूहों एवं महिला स्व-सहायता समूहों को पट्टे पर दिए जाने की व्यवस्था की जाएगी। इससे स्थानीय समूहों को रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे तथा ग्राम पंचायतों को आय अर्जित करने में भी सहायता मिलेगी।
          साथ ही उन्होंने बताया कि राजस्व विभाग से संबंधित अविवादित नामांतरण, अविवादित बंटवारा एवं अन्य सरल राजस्व प्रकरणों का निराकरण पंचायत स्तर पर ही सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि ग्रामीणों को त्वरित सुविधा मिल सके और उन्हें अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। बैठक में ग्रामीणों को इस संबंध में विस्तृत जानकारी भी प्रदान की गई।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *